search
Q: .
  • A. रॉलेट अधिनियम
  • B. मॉर्ले-मिंटो सुधार
  • C. भारत का रक्षा अधिनियम
  • D. जानलेवा आक्रोश अधिनियम
Correct Answer: Option A - वर्ष 1919 में गाँधी जी ने रॉलेट अधिनियम के खिलाफ सत्याग्रह का आह्वान किया। इस अधिनियम ने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसे मौलिक अधिकारों पर अंकुश लगाया था और पुलिस शक्तियों को मजबूत किया था। इसके अनुसार किसी भी संदेहास्पद व्यक्ति को बिना मुकदमा चलाए गिरफ्तार किया जा सकता था, परन्तु उसके विरुद्ध ‘न कोई अपील’, न कोई दलील’ और ‘न कोई वकील’ किया जा सकता था।
A. वर्ष 1919 में गाँधी जी ने रॉलेट अधिनियम के खिलाफ सत्याग्रह का आह्वान किया। इस अधिनियम ने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसे मौलिक अधिकारों पर अंकुश लगाया था और पुलिस शक्तियों को मजबूत किया था। इसके अनुसार किसी भी संदेहास्पद व्यक्ति को बिना मुकदमा चलाए गिरफ्तार किया जा सकता था, परन्तु उसके विरुद्ध ‘न कोई अपील’, न कोई दलील’ और ‘न कोई वकील’ किया जा सकता था।

Explanations:

वर्ष 1919 में गाँधी जी ने रॉलेट अधिनियम के खिलाफ सत्याग्रह का आह्वान किया। इस अधिनियम ने अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता जैसे मौलिक अधिकारों पर अंकुश लगाया था और पुलिस शक्तियों को मजबूत किया था। इसके अनुसार किसी भी संदेहास्पद व्यक्ति को बिना मुकदमा चलाए गिरफ्तार किया जा सकता था, परन्तु उसके विरुद्ध ‘न कोई अपील’, न कोई दलील’ और ‘न कोई वकील’ किया जा सकता था।