Correct Answer:
Option D - पानीपत के प्रथम युद्ध में विजय के पश्चात् बाबर ने मुगल वंश की नींव रखी। 1526 में लड़े गये इस युद्ध में लोदी से कम सेना होने के बावजूद बाबर अपनी युद्ध रणनीति के कारण उसको पराजित करने में सफल रहा। इसी युद्ध में उसने ‘तुलुगमा’ एवं ‘अरबा’ नामक युद्ध रणनीति अपनाई थी। तुलुगमा युद्ध नीति में पूरी सेना को विभिन्न इकाइयों में - बाएँ, दाहिने और मध्य में विभाजित कर दिया जाता था ताकि दुश्मन को हर तरफ से घेरा जा सके।
D. पानीपत के प्रथम युद्ध में विजय के पश्चात् बाबर ने मुगल वंश की नींव रखी। 1526 में लड़े गये इस युद्ध में लोदी से कम सेना होने के बावजूद बाबर अपनी युद्ध रणनीति के कारण उसको पराजित करने में सफल रहा। इसी युद्ध में उसने ‘तुलुगमा’ एवं ‘अरबा’ नामक युद्ध रणनीति अपनाई थी। तुलुगमा युद्ध नीति में पूरी सेना को विभिन्न इकाइयों में - बाएँ, दाहिने और मध्य में विभाजित कर दिया जाता था ताकि दुश्मन को हर तरफ से घेरा जा सके।