Correct Answer:
Option A - ‘यदि नेहा परिश्रम करती तो परीक्षा में अवश्य उत्तीर्ण हो जाती’ में क्रिया का हेतुहेतुमद् भूतकाल है। ध्यातव्य है कि जिन क्रिया पदों से भूतकाल में कार्य होने का संकेत तो मिलता है, परन्तु किसी कारणवश कार्य हो नहीं पाया, उसे हेतुहेतुमद् भूतकाल कहते हैं। उदाहरण – यदि मैं घर पर होता तो चोरी नहीं होती।
A. ‘यदि नेहा परिश्रम करती तो परीक्षा में अवश्य उत्तीर्ण हो जाती’ में क्रिया का हेतुहेतुमद् भूतकाल है। ध्यातव्य है कि जिन क्रिया पदों से भूतकाल में कार्य होने का संकेत तो मिलता है, परन्तु किसी कारणवश कार्य हो नहीं पाया, उसे हेतुहेतुमद् भूतकाल कहते हैं। उदाहरण – यदि मैं घर पर होता तो चोरी नहीं होती।