Correct Answer:
Option B - संज्ञा के जिस रूप से स्त्रीत्व का बोध होता है, उसमें स्त्रीलिंग होता है; जैसे – ममता, महिला, रानी आदि।
हिन्दी में लिंग दो प्रकार के होते हैं- (१) पुल्लिंग (२) स्त्रीलिंग।
नपुंसकलिंग का प्रयोग हिन्दी में नहीं होता है। अत: हिन्दी में सारे पदार्थवाचक शब्द, चाहे वे चेतन हों या जड़, स्त्रीलिंग और पुल्लिंग, इन दो लिंगों में ही विभक्त हैं।
B. संज्ञा के जिस रूप से स्त्रीत्व का बोध होता है, उसमें स्त्रीलिंग होता है; जैसे – ममता, महिला, रानी आदि।
हिन्दी में लिंग दो प्रकार के होते हैं- (१) पुल्लिंग (२) स्त्रीलिंग।
नपुंसकलिंग का प्रयोग हिन्दी में नहीं होता है। अत: हिन्दी में सारे पदार्थवाचक शब्द, चाहे वे चेतन हों या जड़, स्त्रीलिंग और पुल्लिंग, इन दो लिंगों में ही विभक्त हैं।