With reference to motor development which of the following pairs is correctly matched ? मोटर विकास के संदर्भ में, निम्नलिखित में से कौन सा जोड़ा सही समुलित है ? I. Age 6 – kids can throw with appropriate right changes and phases . I. आयु 6 - बच्चे उचित वजन परिवर्तन और चरण के साथ फेंक सकते है। II. Age 7 – it become possible to balance one leg without looking. II आयु 7 - बिना देखे एक पैर का संतुलन संभव हो जाता है।
Three of the following letter-clusters are alike in some manner and hence form a group. Which letter-cluster does not belong to that group? निम्नलिखित चार अक्षर-संयोजनों में से तीन किसी निश्चित तरीके से समान हैं और इस प्रकार एक समूह बनाते हैं। कौन सा अक्षर-संयोजन उस समूह से संबंधित नहीं है?
स्वच्छ भारत मिशन के तहत भारत के सभी गाँवों, ग्राम पंचायतों, जिलों और केंद्रशासित प्रदेशों ने कब तक 100 मिलियन से अधिक शौचालयों का निर्माण कर स्वयं को `ओडीएफ' घोषित किया?
In triangle ABC, the points D and E lie on the sides AB and AC respectively. DE is parallel to the base BC. O is the intersection point of BE and CD. If AD : DB = 4:3, find the ratio of DO and DC.
.
`अदस्' (नपुंसकलिङ्ग) शब्द का द्वितीया बहुवचन का रूप होगा:
निर्देश–नीचे दिए गए गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों (1 से 9 तक) के सबसे उपयुक्त उत्तर वाले विकल्प को चुनिए– मानव के मर्मस्थल में परोपकार और त्याग जैसे सद्गुणों की जागृति तभी हो पाती है, जब वह अपने तुच्छ भौतिक जीवन को नगण्य समझकर उत्साह-उमंग के साथ दूसरों की सेवा-सुश्रूषा तथा सत्कार करता है। यह कठोर सत्य है कि हम भौतिक रूप में इस संसार में सीमित अवधि तक ही रहेंगे। हमारी मृत्यु के बाद हमारे निकट सम्बन्धी, मित्र, बन्धु-बांधव जीवनभर हमारे लिए शोकाकुल और प्रेमाकुल भी नहीं रहेंगे। दुख मिश्रित इस निर्बल भावना पर विजय पाने के लिए तब हमारे अन्तर्मन में एक विचार उठता है कि क्यों न हम अपने सत्कर्मों और सद्गुणों का प्रकाश फैलाकर सदा-सदा के लिए अमर हो जाएँ। सेवक-प्रवृत्ति अपनाकर हम ऐसा अवश्य कर सकते हैं। अपने नि:स्वार्थ व्यक्तित्व और परहित कर्मों के बल पर हम हमेशा के लिए मानव जीवन हेतु उत्प्रेरणा बन सकते हैं। अनुपम मनुष्य जीवन को सद्गति प्रदान करने के लिए यह विचार नया नहीं है। ऐसे विचार सज्जन मनुष्यों के अन्तर्मन में सदा उठते रहे हैं तथा इन्हें अपनाकर वे दुनिया में अमर भी हो गए। इस धरा पर स्थायी रूप में नहीं रहने पर भी ऐसे परहितकारी कालांतर तक पूजे जाते रहेंगे। अमूल्य मनुष्य जीवन की सर्वश्रेष्ठ शिक्षा यही है। यही सीखकर मनुष्य का जीवन आनंदमय और समृद्धिशाली हो सकता है। यदि इस प्रकार मानव जीवन उन्नत होता है तो यह संपूर्ण संसार स्वर्गिक विस्तार ग्रहण कर लेगा। किसी भी मानव को अध्यात्मिकता का जो अंतिम ज्ञान मिलेगा, वह भी यही शिक्षा देगा कि धर्म-कर्म का उद्देश्य सत्कर्मों और सद्गुणों की ज्योति फैलाना ही है। धर्म के आचरण का उद्देश्य है–
The limiting depth of neutral axis for a beam having effective depth of 400 mm with Fe 250 grade steel is :
Which of the following statements about software licenses is incorrect?
अर्नेस्ट रदरफोर्ड ने स्वर्ण-पत्र प्रयोग के परिणामों को कब प्रकाशित किया जिससे यह पता चला कि परमाणु-नाभिक के केंन्द्र में स्थित दृढ़, सघन क्रोड के चलते प्रकीर्णन होता है?
Explanations:
Download our app to know more Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipisicing elit. Excepturi, esse.
Unlocking possibilities: Login required for a world of personalized experiences.