Correct Answer:
Option B - मोतीराम सनवाल यूनाइटेड प्रोविन्सेज ऑफ इण्डियन मेडिसिन लखनऊ’ में पंजीकृत वैद्य थे। इनका जन्म 1901 ई. में अल्मोड़ा में हुआ था। मोतीराम सनवाल आयुर्वेद की महत्त्वपूर्ण विधा नाड़ीशास्त्र में कुशल थे। उनके बारे में यह प्रसिद्ध था कि वह नाड़ी छुकर अनेक असाध्य बीमारियों का पता लगा लेते थे।
B. मोतीराम सनवाल यूनाइटेड प्रोविन्सेज ऑफ इण्डियन मेडिसिन लखनऊ’ में पंजीकृत वैद्य थे। इनका जन्म 1901 ई. में अल्मोड़ा में हुआ था। मोतीराम सनवाल आयुर्वेद की महत्त्वपूर्ण विधा नाड़ीशास्त्र में कुशल थे। उनके बारे में यह प्रसिद्ध था कि वह नाड़ी छुकर अनेक असाध्य बीमारियों का पता लगा लेते थे।