Correct Answer:
Option C - शिक्षण के क्रियाशीलता सिद्धान्त के अनुसार बच्चे प्रभावी रूप से सीखते हैं जब वे विभिन्न गतिविधियों एवं कार्यों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं। बालक के जीवन की प्रमुख विशेषता मानसिक और शारीरिक क्रियाशीलता है। यही कारण है कि शिक्षाशास्त्री इस बात पर विशेष बल देते आये हैं कि बालक के मस्तिष्क और शरीर को क्रियाशील बनाकर ही उसे किसी बात को भली-भाँति सिखाया जा सकता है।
फ्रोबेल का कथन है कि ‘‘बालक क्रिया के द्वारा ही कार्य को सीखता है, अत: जहाँ तक सम्भव हो सके उसे करके सीखने का अवसर दिया जाये।’’
C. शिक्षण के क्रियाशीलता सिद्धान्त के अनुसार बच्चे प्रभावी रूप से सीखते हैं जब वे विभिन्न गतिविधियों एवं कार्यों में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं। बालक के जीवन की प्रमुख विशेषता मानसिक और शारीरिक क्रियाशीलता है। यही कारण है कि शिक्षाशास्त्री इस बात पर विशेष बल देते आये हैं कि बालक के मस्तिष्क और शरीर को क्रियाशील बनाकर ही उसे किसी बात को भली-भाँति सिखाया जा सकता है।
फ्रोबेल का कथन है कि ‘‘बालक क्रिया के द्वारा ही कार्य को सीखता है, अत: जहाँ तक सम्भव हो सके उसे करके सीखने का अवसर दिया जाये।’’