Correct Answer:
Option D - भारत में नागरिक पंजीकरण प्रणाली का इतिहास 19वीं शताब्दी के मध्य का है। वर्ष 1886 में पूरे ब्रिटिश भारत में स्वैच्छिक पंजीकरण प्रदान करने के लिए एक केन्द्रीय जन्म, मृत्यु और विवाह पंजीकरण अधिनियम लाया गया था।
D. भारत में नागरिक पंजीकरण प्रणाली का इतिहास 19वीं शताब्दी के मध्य का है। वर्ष 1886 में पूरे ब्रिटिश भारत में स्वैच्छिक पंजीकरण प्रदान करने के लिए एक केन्द्रीय जन्म, मृत्यु और विवाह पंजीकरण अधिनियम लाया गया था।