Correct Answer:
Option C - हाइड्रोजनीकरण अभिक्रियाओं द्वारा असंतृप्त हाइड्रोकार्बन को संतृप्त हाइड्रोकार्बन में परिवर्तित किया जाता है। इसके लिए असंतृप्त वसा, हाइड्रोजन अणु और धातु उत्प्रेरकों की आवश्यकता होती है। हाइड्रोजन को तेल में स्थानांतरित करने की सुविधा के लिए धातु उत्प्रेरक का उपयोग किया जाता है। ‘निकल’ (Ni) और प्लेटिनम (Pt) जैसी धातुएँ इस प्रक्रिया के लिए अच्छी तरह कार्य करती हैं।
C. हाइड्रोजनीकरण अभिक्रियाओं द्वारा असंतृप्त हाइड्रोकार्बन को संतृप्त हाइड्रोकार्बन में परिवर्तित किया जाता है। इसके लिए असंतृप्त वसा, हाइड्रोजन अणु और धातु उत्प्रेरकों की आवश्यकता होती है। हाइड्रोजन को तेल में स्थानांतरित करने की सुविधा के लिए धातु उत्प्रेरक का उपयोग किया जाता है। ‘निकल’ (Ni) और प्लेटिनम (Pt) जैसी धातुएँ इस प्रक्रिया के लिए अच्छी तरह कार्य करती हैं।