Correct Answer:
Option C - किशोरावस्था,मनुष्य के जीवन का बसंतकाल माना गया है। यह काल 12 से 18 वर्ष तक रहता है। परंतु किसी-किसी व्यक्ति में यह बाईस (22) वर्ष तक चला जाता है।
किशोरावस्था के विकासात्मक लक्षणों में सामाजिक-संवेगात्मक नैतिक, तथा बौद्धिक, परिवर्तन देखने को मिलते हैं।
जैसे- लम्बई में वृद्धि, स्वर में परिवर्तन, स्वेद एवं तेल ग्रन्थियों की क्रियाशीलता में वृद्धि तथा जनन अंगों का विकास आदि।
C. किशोरावस्था,मनुष्य के जीवन का बसंतकाल माना गया है। यह काल 12 से 18 वर्ष तक रहता है। परंतु किसी-किसी व्यक्ति में यह बाईस (22) वर्ष तक चला जाता है।
किशोरावस्था के विकासात्मक लक्षणों में सामाजिक-संवेगात्मक नैतिक, तथा बौद्धिक, परिवर्तन देखने को मिलते हैं।
जैसे- लम्बई में वृद्धि, स्वर में परिवर्तन, स्वेद एवं तेल ग्रन्थियों की क्रियाशीलता में वृद्धि तथा जनन अंगों का विकास आदि।