Correct Answer:
Option D - कालिदास, तीसरी व चौथी शताब्दी में संस्कृत भाषा के महान कवि व नाटककार थे। इन्होंने अपनी सभी कृतियाँ संस्कृत भाषा में लिखी है, जिनमें ‘मेघदूत’ नामक काव्य उनकी सर्वश्रेष्ठ रचना है। यह एक गीतिकाव्य है, जिसमें यक्ष द्वारा मेघ से सन्देश ले जाने की प्रार्थना और उसे दूत बनाकर अपनी प्रिया के पास भेजने का वर्णन है।
D. कालिदास, तीसरी व चौथी शताब्दी में संस्कृत भाषा के महान कवि व नाटककार थे। इन्होंने अपनी सभी कृतियाँ संस्कृत भाषा में लिखी है, जिनमें ‘मेघदूत’ नामक काव्य उनकी सर्वश्रेष्ठ रचना है। यह एक गीतिकाव्य है, जिसमें यक्ष द्वारा मेघ से सन्देश ले जाने की प्रार्थना और उसे दूत बनाकर अपनी प्रिया के पास भेजने का वर्णन है।