Correct Answer:
Option C - जैविक परिपक्वता एक विकासात्मक प्रक्रिया है जो किसी व्यक्ति के निहित लक्षणों या क्षमता को उजागर करने को संदर्भित करती है। यह आनुवांशिकता और पर्यावरण के मध्य अन्तर्सम्बन्धों के माध्यम से भावनात्मक मानसिक और शारीरिक रूप से परिपक्व होने की प्रक्रिया है, जो पूरे जीवनकाल में व्यक्तियों के बढ़ने और विकसित होने से होती है। अत: जैविक परिपक्वता वह आनुवांशिक कारक है जो विकास को प्रभावित करती है।
C. जैविक परिपक्वता एक विकासात्मक प्रक्रिया है जो किसी व्यक्ति के निहित लक्षणों या क्षमता को उजागर करने को संदर्भित करती है। यह आनुवांशिकता और पर्यावरण के मध्य अन्तर्सम्बन्धों के माध्यम से भावनात्मक मानसिक और शारीरिक रूप से परिपक्व होने की प्रक्रिया है, जो पूरे जीवनकाल में व्यक्तियों के बढ़ने और विकसित होने से होती है। अत: जैविक परिपक्वता वह आनुवांशिक कारक है जो विकास को प्रभावित करती है।