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Q: निम्नलिखित में से कौन-सा मुद्रा अवमूल्यन का प्रभाव है?
  • A. आयात में वृद्धि
  • B. मुद्रास्फीति में कमी
  • C. निर्यात में वृद्धि
  • D. उपर्युक्त में से कोई नहीं
Correct Answer: Option C - मुद्रा का मूल्यहास/अवमूल्यन का आश्य अस्थायी विनिमय दर प्रणाली में मुद्रा के मूल्य में गिरावट से है। डॉलर के मुकाबले रूपये का कमजोर होना अवमूल्यन है। उदाहरण के लिए एक अमेरिकी डॉलर `80 के बराबर हुआ करता था। अब एक अमेरिकी डॉलर `87 के बराबर है जिसका अर्थ है कि डॉलर के मुकाबले रूपये का अवमूल्यन हुआ है यानी एक डॉलर को खरीदने में अधिक रूपये लगते है। सैद्धांतिक रूप से अवमूल्यन से निर्यात को बढ़ावा मिलता है।
C. मुद्रा का मूल्यहास/अवमूल्यन का आश्य अस्थायी विनिमय दर प्रणाली में मुद्रा के मूल्य में गिरावट से है। डॉलर के मुकाबले रूपये का कमजोर होना अवमूल्यन है। उदाहरण के लिए एक अमेरिकी डॉलर `80 के बराबर हुआ करता था। अब एक अमेरिकी डॉलर `87 के बराबर है जिसका अर्थ है कि डॉलर के मुकाबले रूपये का अवमूल्यन हुआ है यानी एक डॉलर को खरीदने में अधिक रूपये लगते है। सैद्धांतिक रूप से अवमूल्यन से निर्यात को बढ़ावा मिलता है।

Explanations:

मुद्रा का मूल्यहास/अवमूल्यन का आश्य अस्थायी विनिमय दर प्रणाली में मुद्रा के मूल्य में गिरावट से है। डॉलर के मुकाबले रूपये का कमजोर होना अवमूल्यन है। उदाहरण के लिए एक अमेरिकी डॉलर `80 के बराबर हुआ करता था। अब एक अमेरिकी डॉलर `87 के बराबर है जिसका अर्थ है कि डॉलर के मुकाबले रूपये का अवमूल्यन हुआ है यानी एक डॉलर को खरीदने में अधिक रूपये लगते है। सैद्धांतिक रूप से अवमूल्यन से निर्यात को बढ़ावा मिलता है।