Correct Answer:
Option A - बालकृष्ण शर्मा नवीन ने दो काव्य प्राणार्पण तथा आत्मोसर्ग गणेश शंकर विद्यार्थी पर लिखी गई पुस्तक है। गणेश शंकर विद्यार्थी की साहित्यिक अभिरुचियाँ निखरती गई थीं। इनकी रचनाएँ सरस्वती, कर्मयोगी, स्वराज्य, हितवार्ता में छपती रही थी। इन्होंने शिव नारायण मिश्र, नारायण प्रसाद अरोड़ा और यशोदानंदन के साथ मिलकर ‘प्रताप’ अखबार की नींव डाली।
A. बालकृष्ण शर्मा नवीन ने दो काव्य प्राणार्पण तथा आत्मोसर्ग गणेश शंकर विद्यार्थी पर लिखी गई पुस्तक है। गणेश शंकर विद्यार्थी की साहित्यिक अभिरुचियाँ निखरती गई थीं। इनकी रचनाएँ सरस्वती, कर्मयोगी, स्वराज्य, हितवार्ता में छपती रही थी। इन्होंने शिव नारायण मिश्र, नारायण प्रसाद अरोड़ा और यशोदानंदन के साथ मिलकर ‘प्रताप’ अखबार की नींव डाली।