Correct Answer:
Option C - प्राथमिक स्तर पर हिन्दी भाषा सिखाने के लिए सर्वाधिक आवश्यक कक्षा में प्रिन्ट समृद्ध परिवेश है। विभिन्न प्रकार के दृश्यांकनों, चित्रण सामग्रियों आदि की सहायता से प्राथमिक स्तर पर भाषा को समझने में आसानी होती है। पियाजे के अनुसार (2-7) वर्ष की अवस्था को मूर्त संक्रियात्मक अवस्था कहते हैं। इस अवस्था में बालक प्रत्यक्षीकरण प्रक्रिया द्वारा सीखता है।
C. प्राथमिक स्तर पर हिन्दी भाषा सिखाने के लिए सर्वाधिक आवश्यक कक्षा में प्रिन्ट समृद्ध परिवेश है। विभिन्न प्रकार के दृश्यांकनों, चित्रण सामग्रियों आदि की सहायता से प्राथमिक स्तर पर भाषा को समझने में आसानी होती है। पियाजे के अनुसार (2-7) वर्ष की अवस्था को मूर्त संक्रियात्मक अवस्था कहते हैं। इस अवस्था में बालक प्रत्यक्षीकरण प्रक्रिया द्वारा सीखता है।