Correct Answer:
Option D - ‘ऋ’ वर्ण का उच्चारण स्थान मूर्धा हैं। ‘‘ऋटुरषाणां मूर्धा’ सूत्र के अनुसार ऋ, ट वर्ग र तथा ण का उच्चारण स्थान मूर्धा होता है। ऌ तुलसानां दन्ता: अर्थात् ऌ, त वर्ग (त, थ, द, ध, न) और स का उच्चारण स्थान दन्त है। अकुहविसर्जनीयानां कण्ठ: अर्थात् अ, क वर्ग (क, ख, ग, घ, ङ) और विसर्ग का उच्चारण स्थान कण्ठ है।
D. ‘ऋ’ वर्ण का उच्चारण स्थान मूर्धा हैं। ‘‘ऋटुरषाणां मूर्धा’ सूत्र के अनुसार ऋ, ट वर्ग र तथा ण का उच्चारण स्थान मूर्धा होता है। ऌ तुलसानां दन्ता: अर्थात् ऌ, त वर्ग (त, थ, द, ध, न) और स का उच्चारण स्थान दन्त है। अकुहविसर्जनीयानां कण्ठ: अर्थात् अ, क वर्ग (क, ख, ग, घ, ङ) और विसर्ग का उच्चारण स्थान कण्ठ है।