Q: ``स्नपयति हृदयेशं स्नेहनिष्यन्दिनी ते धवलमधुरमुग्धा दुग्धकुल्येव दृष्टि:।’’ यह पद्यांश किस ग्रन्थ से उद्धृत है?
A.
मेघदूतम्
B.
अभिज्ञानशाकुन्तलम्
C.
उत्तररामचरितम्
D.
नीतिशतकम्
Correct Answer:
Option C - उपर्युक्त पद्यांश उत्तररामचरितम् से लिया गया है जो भवभूति द्वारा रचित है। इसके अतिरिक्त मेघदूतम कालिदास द्वारा रचित है तथा अभिज्ञानशाकुन्तलम् कालिदास द्वारा रचित है।
C. उपर्युक्त पद्यांश उत्तररामचरितम् से लिया गया है जो भवभूति द्वारा रचित है। इसके अतिरिक्त मेघदूतम कालिदास द्वारा रचित है तथा अभिज्ञानशाकुन्तलम् कालिदास द्वारा रचित है।
Explanations:
उपर्युक्त पद्यांश उत्तररामचरितम् से लिया गया है जो भवभूति द्वारा रचित है। इसके अतिरिक्त मेघदूतम कालिदास द्वारा रचित है तथा अभिज्ञानशाकुन्तलम् कालिदास द्वारा रचित है।
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