Correct Answer:
Option D - ‘सत्यार्थी’ का संधि-विच्छेद सत्य + अर्थी है। यहाँ पर दीर्घ स्वर संधि है। ह्स्व या दीर्घ स्वर अ, आ, इ, ई, उ, ऊ, ऋ के बाद समान ह्स्व या दीर्घ स्वर आये तो दोनों मिलकर दीर्घ स्वर आ, ई, ऊ एवं ऋ हो जाते है।
जैसे–परमार्थ = परम + अर्थ = अ + अ = आ।
D. ‘सत्यार्थी’ का संधि-विच्छेद सत्य + अर्थी है। यहाँ पर दीर्घ स्वर संधि है। ह्स्व या दीर्घ स्वर अ, आ, इ, ई, उ, ऊ, ऋ के बाद समान ह्स्व या दीर्घ स्वर आये तो दोनों मिलकर दीर्घ स्वर आ, ई, ऊ एवं ऋ हो जाते है।
जैसे–परमार्थ = परम + अर्थ = अ + अ = आ।