Correct Answer:
Option A - भारत के सर्वाधिक प्रभावशाली दार्शनिक आदि शंकराचार्य का जन्म 788 ई. में केरल के ‘कलादी’ नामक ग्राम में हुआ था। शंकराचार्य बौद्ध धर्म की आलोचना तो करते थे लेकिन महायान की नहीं। इसी कारण उन्हें ‘‘प्रच्छन्न बौद्ध’’ भी कहा गया। वे ‘‘अद्वैतवाद सिद्धान्त’’ के प्रतिपादक थे उन्हें भगवान शिव का अवतार माना जाता है।
A. भारत के सर्वाधिक प्रभावशाली दार्शनिक आदि शंकराचार्य का जन्म 788 ई. में केरल के ‘कलादी’ नामक ग्राम में हुआ था। शंकराचार्य बौद्ध धर्म की आलोचना तो करते थे लेकिन महायान की नहीं। इसी कारण उन्हें ‘‘प्रच्छन्न बौद्ध’’ भी कहा गया। वे ‘‘अद्वैतवाद सिद्धान्त’’ के प्रतिपादक थे उन्हें भगवान शिव का अवतार माना जाता है।