Correct Answer:
Option A - ‘श्रीमद्भगवद्गीता’ के एकादश अध्याय का नाम ‘विश्वरूपदर्शन योग’ है। इस अध्याय में भगवान श्रीकृष्ण के विश्वरूप का वर्णन किया गया है। इसके अतिरिक्त गीता के दूसरे अध्याय में सांख्ययोग, चौदहवें अध्याय में गुणत्रय विभाग योग तथा पंद्रहवें अध्याय में पुरुषोत्तमयोग का वर्णन किया गया है।
A. ‘श्रीमद्भगवद्गीता’ के एकादश अध्याय का नाम ‘विश्वरूपदर्शन योग’ है। इस अध्याय में भगवान श्रीकृष्ण के विश्वरूप का वर्णन किया गया है। इसके अतिरिक्त गीता के दूसरे अध्याय में सांख्ययोग, चौदहवें अध्याय में गुणत्रय विभाग योग तथा पंद्रहवें अध्याय में पुरुषोत्तमयोग का वर्णन किया गया है।