Correct Answer:
Option B - सहसंयोजी बन्ध (Covalent Bond) के टूटने से इलेक्ट्रॉन (Electron) और विवर (Electron) युग्म (Electron Hole pair) बनता है। इसका इलेक्ट्रॉन क्रिस्टल में अन्यत्र कहीं चला जाता है किन्तु होल वहीं पर रह जाता है। यह Hole पड़ोस के परमाणु के संयोजी इलेक्ट्रॉन को आकर्षित करता है तथा वह अपना सह संयोजी बन्ध तोड़ कर इस होल को भर देता है। उसके स्थान पर नया प्दत बन जाता है। और प्रक्रिया निरन्तर चलती रहती है।
B. सहसंयोजी बन्ध (Covalent Bond) के टूटने से इलेक्ट्रॉन (Electron) और विवर (Electron) युग्म (Electron Hole pair) बनता है। इसका इलेक्ट्रॉन क्रिस्टल में अन्यत्र कहीं चला जाता है किन्तु होल वहीं पर रह जाता है। यह Hole पड़ोस के परमाणु के संयोजी इलेक्ट्रॉन को आकर्षित करता है तथा वह अपना सह संयोजी बन्ध तोड़ कर इस होल को भर देता है। उसके स्थान पर नया प्दत बन जाता है। और प्रक्रिया निरन्तर चलती रहती है।