search
Q: धोलावीरा का हड़प्पा नगर कितने भागों में विभाजित था।
  • A. 3
  • B. 5
  • C. 4
  • D. 2
Correct Answer: Option A - धौलावीरा, गुजरात के कच्छ जिले में स्थित एक प्रमुख हड़प्पा कालीन नगर है। धौलावीरा नगर मुख्य रूप से तीन भागों में विभाजित है। (i) दुर्ग- यह नगर का सबसे ऊँचा और सुदृढ़ भाग था, जहाँ शासक वर्ग या प्रशासनिक अधिकारी रहते थे। इसमें बड़े भवन, प्राचीन और जल संचयन की उत्तम व्यवस्था थी। (ii) मध्य नगर- यह दुर्ग के ठीक नीचे स्थित था और यहाँ व्यापारी वर्ग, उच्च वर्ग के लोग और अधिकारी रहते थे। (iii) निचला नगर- यह नगर का सबसे बाहरी भाग था, जहाँ सामान्य जनता और कारीगर रहते थे। यहाँ खुली बस्तियाँ कार्यशालाएँ और सामान्य उपयोग की संरचनाएँ थी।
A. धौलावीरा, गुजरात के कच्छ जिले में स्थित एक प्रमुख हड़प्पा कालीन नगर है। धौलावीरा नगर मुख्य रूप से तीन भागों में विभाजित है। (i) दुर्ग- यह नगर का सबसे ऊँचा और सुदृढ़ भाग था, जहाँ शासक वर्ग या प्रशासनिक अधिकारी रहते थे। इसमें बड़े भवन, प्राचीन और जल संचयन की उत्तम व्यवस्था थी। (ii) मध्य नगर- यह दुर्ग के ठीक नीचे स्थित था और यहाँ व्यापारी वर्ग, उच्च वर्ग के लोग और अधिकारी रहते थे। (iii) निचला नगर- यह नगर का सबसे बाहरी भाग था, जहाँ सामान्य जनता और कारीगर रहते थे। यहाँ खुली बस्तियाँ कार्यशालाएँ और सामान्य उपयोग की संरचनाएँ थी।

Explanations:

धौलावीरा, गुजरात के कच्छ जिले में स्थित एक प्रमुख हड़प्पा कालीन नगर है। धौलावीरा नगर मुख्य रूप से तीन भागों में विभाजित है। (i) दुर्ग- यह नगर का सबसे ऊँचा और सुदृढ़ भाग था, जहाँ शासक वर्ग या प्रशासनिक अधिकारी रहते थे। इसमें बड़े भवन, प्राचीन और जल संचयन की उत्तम व्यवस्था थी। (ii) मध्य नगर- यह दुर्ग के ठीक नीचे स्थित था और यहाँ व्यापारी वर्ग, उच्च वर्ग के लोग और अधिकारी रहते थे। (iii) निचला नगर- यह नगर का सबसे बाहरी भाग था, जहाँ सामान्य जनता और कारीगर रहते थे। यहाँ खुली बस्तियाँ कार्यशालाएँ और सामान्य उपयोग की संरचनाएँ थी।