Correct Answer:
Option A - उपान्वध्याङ्वस सूत्र कर्म कारक का विधान करता है। यदि वस् धातु के पहले उप, अनु, अधि, या आङ् उपसर्ग हो तो इसके आधार की कर्म सञ्ज्ञा होगी। यथा– हरि: वैकुण्ठम् उपवसति अनुवसति वा।
A. उपान्वध्याङ्वस सूत्र कर्म कारक का विधान करता है। यदि वस् धातु के पहले उप, अनु, अधि, या आङ् उपसर्ग हो तो इसके आधार की कर्म सञ्ज्ञा होगी। यथा– हरि: वैकुण्ठम् उपवसति अनुवसति वा।