search
Q: विषयों के सुख में आसक्ती मनुष्य को....करती है
  • A. नष्ट
  • B. बुद्धिमान्
  • C. समृद्ध
  • D. प्रसन्न
Correct Answer: Option A - सुख में विषयों के प्रति में आसक्ती मनुष्य को नष्ट करती है। इसके विपरीत अनासक्त पुरुष प्रसन्न होता है।
A. सुख में विषयों के प्रति में आसक्ती मनुष्य को नष्ट करती है। इसके विपरीत अनासक्त पुरुष प्रसन्न होता है।

Explanations:

सुख में विषयों के प्रति में आसक्ती मनुष्य को नष्ट करती है। इसके विपरीत अनासक्त पुरुष प्रसन्न होता है।