Correct Answer:
Option A - ‘‘प्रबन्धन (Management)’’ निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए मानवीय व्यवहार एवं क्रियाओं का निर्देशन करने से है। दूसरे शब्दों में कहा जाऐ तो, किसी संस्था के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों के नियोजन, संगठन, समन्वय, निर्देशन एवं नियंत्रण प्रक्रिया को ही प्रबन्धन कहा जाता हैं।
प्रबन्धन में नियोजन /योजना-भविष्य को देखने का तरीका है तथा समन्वय-आपसी तालमेंल से सम्बन्ध रखता है व निर्देशन-लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए कर्मचारियों को अपने काम को कुशलता से करने के लिए अग्रमी, मार्गदर्शक पर्यवेक्षण और प्रेरित करने से सम्बन्धित है।
इस प्रकार कहा जा सकता है कि ‘‘समन्वय तथा योजना एवं निर्देशन’’ प्रबन्धन की गुणवत्ता है।
A. ‘‘प्रबन्धन (Management)’’ निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए मानवीय व्यवहार एवं क्रियाओं का निर्देशन करने से है। दूसरे शब्दों में कहा जाऐ तो, किसी संस्था के उद्देश्यों को प्राप्त करने के लिए सामूहिक प्रयासों के नियोजन, संगठन, समन्वय, निर्देशन एवं नियंत्रण प्रक्रिया को ही प्रबन्धन कहा जाता हैं।
प्रबन्धन में नियोजन /योजना-भविष्य को देखने का तरीका है तथा समन्वय-आपसी तालमेंल से सम्बन्ध रखता है व निर्देशन-लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए कर्मचारियों को अपने काम को कुशलता से करने के लिए अग्रमी, मार्गदर्शक पर्यवेक्षण और प्रेरित करने से सम्बन्धित है।
इस प्रकार कहा जा सकता है कि ‘‘समन्वय तथा योजना एवं निर्देशन’’ प्रबन्धन की गुणवत्ता है।