Explanations:
1916 मे लखनऊ सत्र के दौरान भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष अम्बिका चरण मजूमदार थे। इसी अधिवेशन में कांग्रेस-लीग समझौता पर हस्ताक्षर हुए थे। अत: इसे लखनऊ समझौता भी कहा जाता है। इन दोनों को करीब लाने में महत्वपूर्ण भूमिका लोकमान्य तिलक तथा मुहम्मद अली जिन्ना ने निभाई थी। इन दोनों नेताओं का मानना था कि केवल हिन्दू-मुस्लिम एकता के द्वारा ही भारत में स्वशासन की स्थापना की जा सकती है।